Bhai ko kaise kabu mein kiya jaaye

Bhai ko kaise kabu mein kiya jaaye

bhai ko kaise manaye, bhai ko kaise kabu kiya jaaye,

भाई-बहनों के बीच छोटे-मोटे झगड़े होते रहते हैं, इसका मतलब यह नहीं है कि वे एक-दूसरे की परवाह नहीं करते हैं।एक बहन हमेशा चाहती है कि उसका भाई उसकी इज्जत करे, उसकी देखभाल करे, उसकी भावनाओं को समझे।

लेकिन जब भाई शरारती हो जाता है और शैतानी करने लगता है और बहन की बात नहीं सुनता है, तो ऐसे में भाई को कैसे काबू में करे । आज इस लेख में देखेंगे


Bhai ko kaise samjhaye



•  भाई को प्यार से समझाए :  भाई से अच्छे से बाते करे, उसकी की हुई गलतियों पर उसपर चिल्लाये न। उसे यह एहसास न होने दे कि आप उसका बुरा चाहती है।

जब बहन भाई के साथ अच्छा व्यवहार करेगी तो भाई के मन में बहन के लिए सम्मान होगा और वह बहन की भी सुनेगा।


• एहसास दिलाए कि आप उसकी फिकर करती है : उसे ऐसे काम करने से रोकें जिससे उसे नुकसान हो सकता है। उदाहरण के लिए, यदि वह बाइक तेज़ चलाता है तो आप उसे आगाह कर सकते हे की बाइक धीरे चलाये और यदि उसकी तबियत ख़राब हो तो उसका अच्छे से ख्याल करे. उसे भी लगेगा की आप उसकी फिकर करती है।



• उसे बड़ों को आदर देना सिखाएं : भाई को जबरदस्ती काबू में न करे, उसे अच्छे संस्कार दो, उसे बड़ों का आदर करना सिखाये । जब भाई बड़ो की इज्जत करने लगेगा तो वो उनकी बात नहीं टालेगा । वो अपने आप काबू में हो जाएगा।



• माता पिता से हर बात की शिकायत न करे : माता पिता से उसकी हर बात पर चुगली न करे। ऐसा करने से उसके मन में आपके लिए कटुता आ सकती है। यदि वह कोई गलती करता है, तो उसे अपने स्तर पर समझाने की कोशिश करें, उसे यह महसूस हो कि आप उसके बारे में चिंतित हैं।



• एक दोस्त की तरह उसके साथ अपने विचार साझा करें : एक दोस्त की तरह उसके साथ अपने विचार साझा करें। उसकी बेहतरी के लिए अच्छी सलाह दे। जब बहन की सलाह भाई के काम आती है तो भाई बहन की हर बात सुनता है और बहन की खुशी के बारे में भी सोचता है। 

    

• अपनी अच्छी छवि बनाए रखे : अपने भाई से मधुर रिश्ते बनाए रखे। उसे अपना अपमान कभी न करने दे। उसे अच्छे और बुरे के बारे में बताए। जब भाई की नजर में बहन की अच्छी छवि होती है तो वो बहन का अपमान नहीं करता, काबू में रहता है ।



• अपने भाई का समर्थन करें : भाई की भावनाओं को समझे और जब कुछ करना चाहता है और उससे उसका भला होता है तो माता पिता के सामने उसका समर्थन कर सकते है ।


•  माता पिता की सामने उसकी तारीफ करे : माता पिता के सामने भाई की तारीफ करे । उसे लगेगा कि आप उसकी हितेषी है, वो भी आपको मान सम्मान देगा ।


• उससे झगड़ा न करे : भाई से झगड़ा न करे। उसके दिल में अपने लिए जगह बनाये। वो काबू में रहेगा और अपनी अपनी बहन की खुशी का पूरा ध्यान रखेगा।


•  गलत हरकते करने पर टोके : भाई की गलत हरकतों को नजरअंदाज न करे । उसे मना करे गलत हरकते करने से ।अगर उसकी हरकते से किसी की भी मर्यादा का उलंघन होता है तो इस बारे में माता पिता से बात करे।


• छोटी छोटी गलतियों को नजरअंदाज न करे :  उसकी छोटी-छोटी गलतियों को नज़रअंदाज न करें। अगर वह गलती करता है तो उसे प्यार से समझाएं।



निष्कर्ष

एक बहन भाई को उसके हित के बारे में बता के। उसको सही रास्ता दिखा कर, उसके जीवन में ज्ञान का प्रकाश डाल सकती है। जब इंसान को सही और बुरे का ज्ञान हो जाता है तो वो अपने आप काबू में आ जाता है।

एक टिप्पणी भेजें

0 टिप्पणियाँ